– जिला स्तरीय समारोह में खिलाड़ियों की उपलब्धियों को मिला सम्मान
Campus Boom.
जमशेदपुर। अंतर्राष्ट्रीय ओलंपिक दिवस के अवसर पर पर्यटन, कला, संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य विभाग, झारखंड सरकार तथा पूर्वी सिंहभूम जिला खेल विभाग के संयुक्त तत्वावधान में धातकीडीह कम्युनिटी सेंटर में भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में अंतर्राष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर जिले और राज्य का नाम रोशन करने वाले 37 पदक विजेता खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्वी सिंहभूम के उपायुक्त राजीव रंजन उपस्थित रहे। उनके साथ उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, अनुमंडल पदाधिकारी (धालभूम) अर्नव मिश्रा तथा पूर्व ओलंपियन हरभजन सिंह भी मौजूद थे। सभी अतिथियों ने खिलाड़ियों को स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।
खिलाड़ियों की उपलब्धियां जिले और राज्य का गौरव : उपायुक्त
अपने संबोधन में उपायुक्त राजीव रंजन ने खेल विभाग द्वारा खिलाड़ियों के सर्वांगीण विकास एवं खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने सम्मानित खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि उनकी उपलब्धियां न केवल पूर्वी सिंहभूम और झारखंड का गौरव हैं, बल्कि युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत भी हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की खेलोन्मुखी नीतियों, आधुनिक खेल सुविधाओं और प्रोत्साहन योजनाओं का लाभ उठाकर खिलाड़ी भविष्य में राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर और भी बड़ी सफलताएं हासिल करेंगे।
फुटबॉल प्रतियोगिता के विजेता भी हुए सम्मानित
कार्यक्रम का संचालन जिला खेल पदाधिकारी रूपा रानी तिर्की ने किया। इस अवसर पर ओलंपिक दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित बालक एवं बालिका वर्ग की फुटबॉल प्रतियोगिता के विजेता एवं उपविजेता टीमों को भी स्वर्ण एवं रजत पदक तथा ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया।
विभिन्न खेलों के खिलाड़ियों को मिला सम्मान
सम्मानित खिलाड़ियों में शूटिंग, शतरंज, बास्केटबॉल, एथलेटिक्स, तैराकी, तीरंदाजी, ताइक्वांडो, कबड्डी और फुटबॉल सहित विभिन्न खेल विधाओं के राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी शामिल थे।
समारोह में बड़ी संख्या में खिलाड़ी, प्रशिक्षक, खेल प्रेमी, खेल संघों के प्रतिनिधि तथा खेल संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम में खेल भावना, उत्साह और गौरव का वातावरण देखने को मिला।
यह आयोजन खेल संस्कृति को मजबूत बनाने, खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाने और युवा प्रतिभाओं को खेलों की ओर प्रेरित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।




